moral stories in hindi | सोने का कंकर

moral stories in hindi | सोने का कंकर – स्वागत है आपका ज्ञान से भरी रोचक कहानियों की इस दुनिया मे। दोस्तों जीवन मे कहानियों का विशेस महत्तव है |

इन कहानियो के माध्यम से हमे बहुत कुछ सीखने को मिलता है | इनकहानियों के माध्यम से आपको ज़रूरी ज्ञान हासिल होंगे जो आपको आपकी लाइफ मे बहुत काम आएंगे |

 

यहाँ पर बताई गई हर कहानी से आपको एक नई सीख मिलेगी जो आपके जीवन मे बहुत काम आएगी | हर कहानी मे कुछ न कुछ संदेश और सीख छुपी हुई है | तो ऐसी कहानियो (moral stories) को ज़रूर पढ़े और अपने दोस्तो और परिवारों मे भी शेयर करे 

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तो चलिये शुरू करते है हमारी आज की कहानी

 

moral stories in hindi | सोने का कंकर

ये कहानी एक ऐसे लड़के की है जो पूरे दिन उदास और परेशान रहता था । उसकी परेशानी का मुख्य कारण ये था कि वो गरीब घर से था।

 

उसकी इच्छा थी कि वो अपने माता -पिता  की जादा से जादा इच्छाओं को पूरा कर सके |

 

 

अपने-पिता को पुरे दुनिया की सैर कराये और हमेशा उनको खुश रखे। लेकिन गरीबी और  पैसो की कमी के चलते वह लाचार था |

 

 

एक दिन लड़का दुखी होते हुए सड़क से जा रहा था, तभी उसको एक ज्ञानी गुरूजी मिले । लड़के को परेशानी में देखके गुरूजी से रहा नही गया और उन्होंने पूछा कि “बेटा क्या हुआ क्यूँ इतने चिंतित हो”।

 

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इतने में लड़का बोला कि “गुरूजी मैं बहुत परेशान हूं और मुझे पैसों की बहुत जरूरत है ताकि मैं मेरे माता-पिता को पूरी दुनिया घुमा सकूँ और उन्हें खुश रख सकूँ पर पैसो के बिना ये असम्भव है ।moral stories in hindi

 

गुरूजी उसकी हालत को देखके उसे एक जगह पर ले गए । उस जगह पर चारो तरफ कंकड ही बिछे हुए थे और गुरूजी ने लडके को कहा कि इन सभी कंकड में से कोई एक कंकड है जो किसी भी चीज को सोने में बदल सकती है, कोई भी धातु पर ये कंकड को रखने से वो धातु भी सोने की हो जाएगी ।

 

गुरुजी की बात सुनते ही लड़का बहुत प्रसन्न हुआ | लड़का बोला “गुरूजी में उस अनमोल कंकड को पहचानूँगा केसे? 

गुरूजी ने कहा उस कंकड की पहचान उसके तापमान से होगी और जब तुम कोई साधारण कंकड को हाथ में लोगे तब तुम्हे ठंडा महसूस होगा लेकिन जब वह अनमोल कंकड को हाथ में लोगे तो तुम्हे गरम सा महसूस होगा तब समझ लेना कि वही शक्तिशाली कंकड है जो तुम्हारी दुनिया बदल सकता है ।

 

 

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परंतु वहा पर अधिक मात्रा में कंकड पड़े थे और उनमे से वह एक कंकड निकालना कोई साधारण बात नहीं थी ।

वह लड़का बहुत ज्यादा खुश हुआ और सोचने लगा कि उसे तो तुरंत ही कंकड मिल जाएगा और वह आसानी से अमीर बन जाएगा।

लेकिन वो ये नहीं समझ पा रहा था कि जिस बुद्धिमान गुरूजी ने उसे ये करने को बोला है उसने ऐसे ही तो बोला नहीं होगा, जरूर उसके पीछे कोई कारण छिपा होगा, अगर इतनी जल्दी लड़के को कंकड मिल जाता तो बात ही क्या थी।

इसीके साथ प्रोत्साहित होकर लड़के ने उस अनमोल कंकड की खोज सुरु कर दी।moral story in hindi

धीरे धीरे वह कंकड को परखने लगा और जो कंकड उसे तापमान मे ठंडा लगता, लड़का उसे पास के नदी में फेक देता था ताकि उसको फिरसे वही कंकड बारबार हाथ में न लेना पड़े।

धीरे धीरे करके 1 दिन से 1 महिना हो गया फिर भी लड़के को कंकड नहीं मिला, लड़का हताश होने लगा पर उसने कंकड की खोज जारी ही रखी। ऐसे करते करते ४ महीने हो गये पर फिर भी वह कंकड मिला नहीं ।moral stories in hindi | सोने का कंकर

 

शुरू-शुरू में वो लड़का बहुत बारीकी से कंकड को देखता और परखता था परंतु इतना समय होजाने के बाद अब वो निराश हो गया था और इतनी बारीकी से हर कंकड को नहीं परखता था पर उसने खोज जारी ही रखी ।

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गुरूजी समझ गये कि लड़के के दिमाग की विचारधारा बदल गई है । वह हर कंकड को हलके में ले रहा है और सीधा नदी में फेक दे रहा है।

moral stories in hindi | सोने का कंकर

अब हुआ ये की जब असली में उस लड़के ने वह अनमोल कंकड खोज लिया और उस कंकड को हाथ में लिया तो बाकी कंकडो की तरह उसने अनमोल कंकड को भी पानी मै फेक दिया और उसके सिर्फ ५ सेकंड बाद उसे पता चला की उसके हाथ पर लाल धब्बा आ गया है और गरम सा महसूस होने लगा ।

तभी उसे पता चला की जो कंकड उसने अभी फेंका वह कोई साधारण कंकड नहीं था  जो गुरूजी ने बोला था वही कंकड था । परंतु फेंकने के बाद वो अभी नदी में से निकालना मुमकिन नहीं था ।

सभी कंकडो के जेसे उसने वो अनमोल कंकड को भी हलके में ले लिया और ध्यान से परखे बिना ही नदी में बहा दिया। उसकी यह भूल के कारण उसकी परिस्थिति वैसी की वैसी ही रह गयी। moral story in hindi

 

 

moral stories in hindi | सोने का कंकर से क्या सीख मिलती है इस कहानी से 

 आपकी जिंदगी में ये अनमोल कंकड एक अवसर एक मौका है और ये सब साधारण कंकड वो आपका हर एक दिन है । वो अनमोल कंकड आपके हाथ में कब आएगा आपको भी नहीं पता है परंतु आपको साधारण कंकड़ रूपी हर एक दिन को ध्यान से परखना है। जिस दिन आपको वो अनमोल कंकड मिल गया वो आपकी पूरी दुनिया ही बदल देगा।

 

परंतु जिस समय आपने अपने हर एक दिन को हलके में लेना शुरू कर दिया। धीरे धीरे हलके में लेना आपकी मानसिकता हो जाएगी और जब कोई बड़ा अवसर opportunity वाला दिन आपकी जिंदगी में आयेगा आप उसे भी अपनी आदत के कारण हलके में ले लोगे और नतीजे में आपको सिर्फ पछतावा होगा। moral stories in hindi

 

 

दोस्तों ये कहानी आपको कैसी लगी? दोस्तो इस कहानी (motivational story) से आपको क्या सीख मिलती है ? नीचे कमेंट करके जरूरु बताना। और इस जानकारी (article) को जादा से जादा लोगो तक शेयर करना ताकि उन तक भी यह  पहुच सके।

 

 

 

 

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3 Responses

  1. hardik says:

    very nice stories
    amzing your post thanku so much
    sharing thi post

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